छत्तीसगढ़

जलवायु परिवर्तन और माइक्रो प्लास्टिक की चुनौती से निपटने के लिए युवाओं को सहयोग करना होगा – राज्यपाल रमेन डेका…..

रायपुर: राज्यपाल श्री रमेन डेका से आज लोकभवन में दिल्ली के विभिन्न शिक्षा संस्थानों में अध्ययनरत विद्यार्थियों ने संवाद किया। ये विद्यार्थी भारत सरकार के ‘‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत‘‘ अभियान के ‘‘युवा संगम‘‘ कार्यक्रम के तहत छत्तीसगढ़ प्रवास पर हैं।

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की पहल पर यह अनूठा कार्यक्रम पूरे भारत में लागू किया गया है। जिसमें सभी प्रदेशों के युवा अन्य प्रदेशों में जाकर वहां की संस्कृति को समझते हैं, खान-पान का जायका लेते है और पर्यटन स्थलों का भ्रमण करते हैं। इस कड़ी में दिल्ली के विभिन्न महाविद्यालयों में अध्ययनरत युवा छात्र-छात्राओं को छत्तीसगढ़ का भ्रमण कराया जा रहा है। भ्रमण के दूसरे दिन ये विद्यार्थी लोकभवन पहुंचे थे।

राज्यपाल ने अपने प्रेरणादायी उद्बोधन में कहा कि डिग्री लेकर निकलने के पश्चात हमें देश व समाज के बारे में सोचना चाहिए। जलवायु परिवर्तन और माइक्रो प्लास्टिक आज की सबसे बड़ी चुनौती हैं इससे निपटने के लिए युवाओं को सहयोग करना होगा।

श्री डेका ने कहा कि हमारे जीवनशैली को आधुनिक बनाने में साइंस का महत्वपूर्ण योगदान है। इसका उपयोग मानवहित में होना चाहिए। आईआईटी जैसे संस्थान देश के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। हमारे शिक्षा संस्थानों पर हमारी समृद्ध संस्कृति और विरासत को सहेजने की जिम्मेदारी है। इस तरह के मेल-जोल के कार्यक्रम से व्यक्तित्व का विकास होता है।

श्री डेका ने सभी विद्यार्थियों के छत्तीसगढ़ आगमन पर हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन करते हुए कहा कि आप दिल्ली की हलचल भरी सड़कों से निकलकर छत्तीसगढ़ की हरी-भरी, वन-संपदा से समृद्ध, आदिवासी परंपराओं और लोक संस्कृति से सराबोर भूमि पर पधारे हैं। यह केवल एक भौगोलिक यात्रा नहीं है।

जलवायु परिवर्तन और माइक्रो प्लास्टिक की चुनौती से निपटने के लिए युवाओं को सहयोग करना होगा - राज्यपाल

यह भारत की आत्मा को समझने की यात्रा है। यह एक भारत के संकल्प को श्रेष्ठ भारत के स्वप्न में रूपांतरित करने की यात्रा है। हमारे देश की सबसे बड़ी शक्ति यही है कि यहां एक ही धरती पर सैकड़ों भाषाएं बोली जाती हैं। दर्जनों पर्व मनाए जाते हैं, असंख्य परंपराओं के बाद भी हम सब एक हैं। यही विविधता में एकता हमारे गणतंत्र की सच्ची पहचान है।

कार्यक्रम में राज्यपाल श्री डेका से दिल्ली के विद्यार्थियों का वैचारिक आदान-प्रदान हुआ। दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्र विवेक शुक्ला ने सफल राजनेता में क्या गुण होना चाहिए, इस पर प्रश्न किया। श्री डेका ने कहा कि सफल राजनेता में नेतृत्व क्षमता का होना जरूरी है। कुमारी रितिका ने कौशल पर आधारित प्रश्न किया। श्री डेका ने कहा कि आज हर क्षेत्र में अच्छे कौशल की जरूरत है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति में भी कौशल उन्नयन पर जोर दिया गया है।

उन्होंने एक छात्रा के प्रश्न पर कहा कि सफलता के लिए शॉर्टकट नहीं होता तथा धैर्य नहीं खोना चाहिए। प्रत्येक स्तर पर मानसिक शांति के साथ निर्णाय लें। श्री डेका से विद्यार्थियों ने उनकी जीवन यात्रा से संबंधित प्रश्न भी पूछे। युवा विद्यार्थी जो देश की सेवा करना चाहते है उनके लिए श्री डेका ने कहा कि अपनी अंतर आत्मा की आवाज सुनकर कार्य करें।

इस अवसर पर आई.आई.टी. भिलाई के डायरेक्टर श्री राजीव प्रकाश ने युवा संगम कार्यक्रम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। राज्यपाल को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। इस अवसर पर राज्यपाल की विधिक सलाहकार श्रीमती सत्यभामा दुबे, उप सचिव सुश्री निधि साहू, आई.आई.टी. भिलाई के नोडल अधिकारी डॉ. कृष्णामूर्ति, समन्वयक एवं अधिकारियों सहित दिल्ली राज्य से आये हुए युवा विद्यार्थी उपस्थित थे।

?s=32&d=mystery&r=g&forcedefault=1
News Desk

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button